रूम एयर कन्डीशनर

(Room air conditioner)

 

वातानुकूलन के लिए दो प्रकार के सिस्टम प्रयोग में लाया जाता है।
(i)यूनिटरी सिस्टम
(ii)सेन्ट्रल सिस्टम

   युनिटरी सिस्टम (unitary syestem)

यूनिटरी सिस्टम ग्रीष्म ऋतु,शरद ऋतु तथा पूर्ण वर्ष के लिए वातानुकूलन के लिए प्रयोग में लाया जाते है।इसमे फेक्टरी में तैयार किये यूनिटो को आवश्यकतानुसार उचित स्थान के पास स्थापित कर दिया जाता है।
युनिटरी सिस्टम रूम कंडीशनर्स कहलाते है।इन युनिटो को पैकेज कंडीशनर्स तथा विन्डो एयर कन्डीशनर भी कहते है।
रूम एयर कन्डीशनर अथवा विन्डो एयर कन्डीशनर एक partition से विभाजित बाहरी तथा भीतरी दो हिस्सो में एक आवरण से बना होता है।बाहरी हिस्सा hermetically sealed motor चलित पंखा तथा एक ट्रे से बना होता है।बाहरी हिस्सा पुनः एक partition द्वारा दो भागो में विभाजित करता है।भीतरी भाग evaporator,मोटर चलित पंखा,थर्मोस्टेट,कन्ट्रोल पैनल,एक वायु फिल्टर,पावर कनेक्शन तथा ट्रे से बना होता है।

जैसे कई इस चित्र में दिखाया गया है।

भीतरी भाग भी एक पार्टीशन द्वारा दो भागो में विभाजित किया जाता है।दोनो ट्रे एक पाइप द्वारा जुड़ी होती है।कन्डेशनर,evaporator से एक केपीलरी ट्यूब द्वारा जुड़ा होता है।evaporator संपीडक से एक suction पाइप लाइन द्वारा जुड़ा होता है।बाहरी भाग window sill के बाहर रहता है।भीतरी भाग पर air flow control के लिए dampers लगाये जाते है।

निम्न दाब वाष्प suction pipe line से होकर evaporator से hermetic compressor को भेजी जाती है।जहाँ यह निम्न दाबसे उच्च दाब तक संपीडित की जाती है।तथा कन्डेन्सर को भेजी जाती है।संघनन द्वारा रेफ्रिजरेटर वाष्प से ऊष्मा निष्कासित कि जाती है।द्रवित रेफ्रिजरेन्ट lower coils में एकत्र किया जाता है।द्रवित रेफ्रिजरेन्ट केपीलरी ट्यूब से होकर जाता है।तथा निम्न दाब पर evaporator coil को चला जाता है।

Evaporator coil में निम्न दाब द्रवित रेफ्रिजरेन्ट शीघ्रता से उबलती है।तथा evaporator की सतह से गुप्त एन्थेल्पी लेता है।यूनिट के निचले भाग से फिल्टर द्वारा कक्ष से वायु पंखे द्वारा खींची जाती है।तथा इसे evaporator coils के ऊपर बलात भेजती है।ठंडी होती है तथा अनुकूलित कक्ष में वापस चक्रीकृत होती है।
वायु से नमी कुछ सीमा तक दूर हो जाती है।evaporator की तलहटी पर ट्रे में बूंद-बूंद होकर गिरती है,यह तब बाहरी भाग में ट्रे को चली जाती है।

बाहरी भाग में लगे पंखे द्वारा वायु यूनिट के निचले भाग से बाहरी वायु खीचता है तथा इसे कन्डेन्सर काॅयल के ऊपर चक्रीकृत करता है।तथा ऊपरी भाग से विसर्जित कर देता है।यह वाष्प रेफ्रिजरेटर से ऊष्मा निष्कासित करता है।तथा इसे द्रव रूप में संघनित कर देता है।आवश्यक तापमान बनाये रखने के लिए थर्मोस्टेट लगाया जा सकता है।

 

   सेन्ट्रल सिस्टम (central system)

सेन्ट्रल एयर कन्डीशनिंग सिस्टम के सभी अवयव एक केंद्रीय कक्ष में एक साथ स्थापित किये जाते है।तथा यहां से वातानुकूलित वायु को,वातानुकूलित किये जाने वाले स्थानों को,डक्ट द्वारा ले जाया जाता है।इनका उपयोग अधिक बड़े आकार के भवनों जैसे- ऑडिटोरियम,थियेटर,बहुमंजिली इमारतों,कार्यालयों आदि को वातानुकूलित करने में किया जाता है।सेन्ट्रल सिस्टम के मुख्यतः निम्न भाग होते है।

(1)कूलिंग अथवा निराद्रीकरण के लिए कूलिंग क्वाइल जो चिल्ड वाटर क्वाइल अथवा रेफ्रिजरेन्ट के सीधे प्रसार से निम्न ताप उत्पन्न करता है।

(2)कूलिंग अथवा निराद्रीकरण के लिए स्प्रे सिस्टम अथवा वायु वाॅशर

(3)हीटिंग क्वाइल

(4)आवश्यक फिल्टर तथा अन्य उपकरण

(5)ब्लोअर तथा विधुत मोटर

(6)नियंत्रण युक्तियाॅ

आपको मेरी दी गई जानकारी कैसी लगी मुझे जरूर कमेंट करे।

 

वेल्डिंग पोजीशन(Welding position)क्या होता है?

 

शक्तिमापी(dynamometer)किसे कहते हैं?

 

Illumination क्या होता है?